समंदर के किनारे उगते सूरज के सामने स्ट्रेच करता एक व्यक्ति

सूर्य नमस्कार

सूरज को एक नमस्कार

सूर्य नमस्कार यानी सूरज को नमस्कार। ज़्यादातर लोग इसे 12 स्टेप के सिलसिले के रूप में जानते हैं, लेकिन असल में यह सूरज का स्वागत करने और उसे ज़िंदगी देने के लिए धन्यवाद कहने का तरीक़ा है। यह आप शरीर से, साँस से या अपने शब्दों से कर सकते हैं।

सूरज को नमस्कार करने के तीन तरीक़े

12 स्टेप सूर्य नमस्कार का सबसे जाना-पहचाना रूप है। साँस से सूरज का स्वागत करना, या मंत्र, प्रार्थना या अपने शब्दों से उसे धन्यवाद कहना भी नमस्कार ही है।

  1. 01 शरीर से नमस्कार 12 आसान स्टेप, हर स्टेप के साथ एक साँस, खड़े होकर या कुर्सी पर। लगभग 10 मिनट, कोई सामान नहीं। 12 स्टेप सीखिए
  2. 02 साँस से नमस्कार सुबह की धूप में बैठिए, आँखें बंद कीजिए और धीरे-धीरे साँस लीजिए, जैसे उसकी गर्माहट आपके अंदर भर रही हो। इसे कोई भी, बैठे-बैठे भी कर सकता है। सूरज के साथ साँस लीजिए
  3. 03 आभार से नमस्कार कोई मंत्र बोलिए, प्रार्थना कीजिए, या अपने शब्दों में धन्यवाद कहिए, उस रोशनी, खाने और ऊर्जा के लिए जो सूरज हमें देता है। धन्यवाद कहिए

यह कहाँ से आया

  1. सूरज का सम्मान

    हमारी परंपरा में सूरज की ख़ास जगह है। ऋग्वेद जैसे पुराने ग्रंथों में सूरज को रोशनी और जीवन का स्रोत माना गया है, और गायत्री मंत्र भी सविता यानी हमें जगाने वाले सूरज को समर्पित है।

  2. सुबह का नमस्कार

    धीरे-धीरे यही सम्मान सुबह-सुबह सूरज को नमस्कार करने की रोज़ की आदत बन गया।

  3. आज के 12 स्टेप

    आज जिस 12 स्टेप वाले सूर्य नमस्कार को ज़्यादातर लोग करते हैं, वह 20वीं सदी की शुरुआत में मशहूर हुआ। आज के महाराष्ट्र में औंध रियासत के राजा भवानराव पंत प्रतिनिधि ने इसे सेहत और अनुशासन के लिए रोज़ करने की सलाह दी और इस पर ख़ूब लिखा। वहाँ से यह स्कूलों, घरों और योग की अलग-अलग परंपराओं के ज़रिए पूरे भारत और दुनिया तक पहुँचा।

इसका मतलब

हर राउंड एक छोटा-सा सफ़र है: आप खड़े होते हैं, हाथ ऊपर उठाते हैं, झुकते हैं, नीचे आते हैं, फिर उठकर वहीं लौट आते हैं जहाँ से शुरू किया था, ठीक वैसे ही जैसे सूरज सुबह से शाम तक अपना रास्ता तय करता है। परंपरा में हर स्टेप के साथ सूरज का एक नाम जुड़ा है। किसी नाम पर टैप कीजिए।

स्टेप 01 ॐ मित्राय नमः Om Mitraya Namah

01

ॐ मित्राय नमः

Om Mitraya Namah

सबके दोस्त को नमस्कार

इस स्टेप के साथ: प्रणामासन

सभी 12 नाम एक साथ देखिए
स्टेपमंत्रइसका मतलब
01ॐ मित्राय नमः
Om Mitraya Namah
सबके दोस्त को नमस्कार
02ॐ रवये नमः
Om Ravaye Namah
चमकते हुए सूरज को
03ॐ सूर्याय नमः
Om Suryaya Namah
हमें काम के लिए जगाने वाले को
04ॐ भानवे नमः
Om Bhanave Namah
रोशनी फैलाने वाले को
05ॐ खगाय नमः
Om Khagaya Namah
आसमान में चलने वाले को
06ॐ पूष्णे नमः
Om Pushne Namah
ताक़त और पोषण देने वाले को
07ॐ हिरण्यगर्भाय नमः
Om Hiranyagarbhaya Namah
सृष्टि के सुनहरे स्रोत को
08ॐ मरीचये नमः
Om Marichaye Namah
किरणें बिखेरने वाले को
09ॐ आदित्याय नमः
Om Adityaya Namah
अदिति के पुत्र को
10ॐ सवित्रे नमः
Om Savitre Namah
जगाने और जीवन देने वाले को
11ॐ अर्काय नमः
Om Arkaya Namah
जिसकी सब तारीफ़ करते हैं, उसे
12ॐ भास्कराय नमः
Om Bhaskaraya Namah
समझ और रोशनी देने वाले को

मंत्र बोलना ज़रूरी नहीं है। चाहें तो आप चुपचाप करके सिर्फ़ अपनी साँस पर ध्यान दे सकते हैं।

आज भी यह क्यों ज़रूरी है

भागदौड़ में भी फ़िट

कुछ राउंड बस कुछ मिनट लेते हैं, किसी सामान की ज़रूरत नहीं।

पूरे शरीर की कसरत

एक ही सिलसिले में स्ट्रेचिंग, झुकना और उठना।

साँस पर ध्यान लौटाता है

हर स्टेप पर साँस लेनी या छोड़नी होती है।

अपनी जड़ों से जोड़ता है

उस सूरज को रोज़ धन्यवाद कहने का एक पल, जिससे हम सब ज़िंदा हैं, और जिसे लाखों लोग साथ में करते हैं।